भारतीय-अमेरिकी काश पटेल ने भगवद गीता पर हाथ रखकर एफबीआई निदेशक पद की शपथ ली
भारतीय-अमेरिकी काश पटेल ने भगवद गीता पर हाथ रखकर एफबीआई निदेशक पद की शपथ ली
भारतीय मूल के अमेरिकी नागरिक काश पटेल ने शुक्रवार को संघीय जांच ब्यूरो (एफबीआई) के नौवें निदेशक के रूप में शपथ ग्रहण की। इस अवसर पर उन्होंने भगवद गीता पर हाथ रखकर शपथ ली, जो उनकी भारतीय जड़ों और सांस्कृतिक विरासत के प्रति सम्मान को दर्शाता है। शपथ ग्रहण समारोह वाशिंगटन डी.सी. स्थित आइजनहावर कार्यकारी कार्यालय भवन में आयोजित किया गया, जहां अमेरिकी अटॉर्नी जनरल पाम बॉन्डी ने उन्हें शपथ दिलाई। इस दौरान पटेल का परिवार और करीबी मित्र भी उपस्थित थे।
शपथ ग्रहण के बाद, काश पटेल ने अपने संबोधन में कहा कि वे अमेरिकी सपने को साकार कर रहे हैं और यह केवल अमेरिका में ही संभव है कि एक भारतीय मूल का व्यक्ति देश की प्रमुख कानून प्रवर्तन एजेंसी का नेतृत्व करे। उन्होंने अपने परिवार, विशेषकर अपने माता-पिता को धन्यवाद दिया, जिन्होंने उन्हें उच्च मूल्यों और कड़ी मेहनत की शिक्षा दी।
गुजरात के आनंद जिले के भद्रन गांव से ताल्लुक रखने वाले पटेल का परिवार लगभग 70 साल पहले युगांडा चला गया था, और बाद में अमेरिका में बस गया। न्यूयॉर्क में पले-बढ़े काश पटेल ने रिचमंड विश्वविद्यालय से स्नातक की डिग्री प्राप्त की और न्यूयॉर्क में कानून की पढ़ाई पूरी की। उन्होंने यूनिवर्सिटी कॉलेज लंदन से अंतरराष्ट्रीय कानून में प्रमाणपत्र भी हासिल किया है।
एफबीआई निदेशक के रूप में नियुक्ति से पहले, पटेल काउंटरटेररिज़्म अभियोजक और रक्षा सचिव के मुख्य कर्मचारी के रूप में कार्य कर चुके हैं। उनकी नियुक्ति अमेरिकी सीनेट द्वारा 51-49 मतों से पुष्टि की गई, जहां कुछ डेमोक्रेटिक और दो रिपब्लिकन सीनेटरों ने उनके नाम का विरोध किया था।
पटेल की नियुक्ति पर पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि वे एक उत्कृष्ट एफबीआई निदेशक साबित होंगे। पटेल ने अपने वक्तव्य में एफबीआई को और अधिक प्रभावी और निष्पक्ष बनाने का संकल्प लिया, जिससे देश की सुरक्षा और न्याय प्रणाली को मजबूती मिलेगी।
उनकी इस उपलब्धि पर गुजरात के भद्रन गांव में भी खुशी की लहर है, जहां के निवासियों ने पटेल की सफलता पर गर्व व्यक्त किया है। उनकी यह उपलब्धि भारतीय समुदाय के लिए प्रेरणा का स्रोत बनी है।
इस ऐतिहासिक अवसर का वीडियो आप नीचे देख सकते हैं: