हरियाणा में गौ संरक्षण और संवर्धन को लेकर बड़ा कदम, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने फतेहाबाद में किया चारा अनुदान वितरण

फतेहाबाद, 23 अगस्त: हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने फतेहाबाद जिले की 67 गौशालाओं को 7 करोड़ 2 लाख रुपये के चारा अनुदान के चेक वितरित कर प्रदेश सरकार की गौ संरक्षण और संवर्धन की प्रतिबद्धता को फिर से रेखांकित किया। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि प्रदेश में गौशालाओं को न केवल वित्तीय सहायता दी जा रही है, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के लिए मशीनरी खरीदने में भी मदद प्रदान की जा रही है।
मुख्यमंत्री ने फतेहाबाद के बड़ोपल गांव के विकास के लिए 21 लाख रुपये की घोषणा की, साथ ही वन्य जीव उपचार केंद्र का नाम राजेंद्रानंद जी महाराज के नाम पर रखने का ऐलान भी किया। समारोह में उन्होंने ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए गौशाला परिसर में त्रिवेणी भी लगाई।
605 गौशालाओं को 88 करोड़ 50 लाख रुपये के चारा अनुदान राशि
सैनी ने बताया कि इस वर्ष प्रदेश की कुल 605 गौशालाओं को 88 करोड़ 50 लाख रुपये के चारा अनुदान राशि प्रदान की जा रही है। इसके अलावा, पंचगव्य उत्पादन के लिए 101 गौशालाओं को 6 करोड़ 50 लाख रुपये की मशीनरी खरीदने के लिए सहायता दी गई है। पिछले साढ़े दस वर्षों में चारे के लिए कुल 358 करोड़ 50 लाख रुपये अनुदान दिए जा चुके हैं।
उन्होंने यह भी बताया कि 330 गौशालाओं में सोलर ऊर्जा प्लांट स्थापित किए गए हैं और बाकी गौशालाओं में भी जल्द ही यह काम शुरू होगा। गौ सेवा आयोग का बजट वर्ष 2014-15 में 2 करोड़ रुपये था, जिसे वर्तमान सरकार ने बढ़ाकर 595 करोड़ रुपये कर दिया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2014 में प्रदेश में केवल 215 पंजीकृत गौशालाएं थीं जिनमें एक लाख 75 हजार गौवंश था, जो अब बढ़कर 686 गौशालाओं और 4 लाख बेसहारा गौवंश तक पहुंच चुका है। प्रदेश सरकार ने 200 गौशालाओं को शैड निर्माण के लिए 10 लाख रुपये प्रति गौशाला के हिसाब से अनुदान दिया है, जिनमें से 51 शैड बन चुके हैं। इसके अलावा, गौशालाओं को 800 ई-रिक्शा प्रदान करने की योजना भी सरकार बना रही है।
किसान कल्याण पर भी सरकार का विशेष ध्यान है। मुख्यमंत्री ने बताया कि फसल खराब होने पर 2004 से 2014 के बीच 1155 करोड़ रुपये मुआवजा दिया गया था, जबकि 2014 से 2025 के बीच यह राशि बढ़कर 15500 करोड़ रुपये हो गई है। फतेहाबाद क्षेत्र में जलभराव और सेम की समस्या का भी समाधान किया जाएगा।
गाय हमारी संस्कृति और परंपरा से जुड़ी
कृषि एवं किसान कल्याण एवं पशुपालन मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि गाय हमारी संस्कृति और परंपरा से जुड़ी है और इसके संरक्षण के लिए जन जागरूकता बढ़ाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की प्रशंसा करते हुए कहा कि उनकी सरकार की नीतियों के कारण गौ संरक्षण में अभूतपूर्व प्रगति हुई है।



