“हिंद दी चादर” मैराथन को केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने दिखाई हरी झंडी — 61 हजार युवाओं ने लिया भाग, गुरु तेग बहादुर जी को दी श्रद्धांजलि

करनाल आज देशभक्ति और श्रद्धा के जज्बे से सराबोर रहा। श्री गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी दिवस को समर्पित “हिंद दी चादर मैराथन” का शुभारंभ रविवार सुबह हुआ, जिसे केंद्रीय आवासन, ऊर्जा एवं शहरी मामले मंत्री मनोहर लाल ने एनडीआरआई चौक से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस ऐतिहासिक आयोजन में 61 हजार से अधिक युवाओं ने भाग लेकर गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान को नमन किया।
“गुरु तेग बहादुर से प्रेरणा लें और समाज के लिए कार्य करें” — मनोहर लाल
केंद्रीय मंत्री ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा,श्री गुरु तेग बहादुर जी की शहादत हमें यह सिखाती है कि हमें धर्म, समाज और देश की रक्षा के लिए निःस्वार्थ भाव से कार्य करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि गुरु तेग बहादुर जी के 350वें शहीदी दिवस पर देशभर में यात्राओं और कार्यक्रमों का आयोजन हो रहा है, जिससे युवा पीढ़ी को साहस, बलिदान और एकता की प्रेरणा मिल रही है।
श्रद्धा, जोश और एकता का संगम
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि इस यात्रा का उद्देश्य केवल दौड़ नहीं, बल्कि देश की आज़ादी के लिए बलिदान देने वाले महान विभूतियों के प्रति कृतज्ञता प्रकट करना है।
उन्होंने कहा कि आज सैकड़ों युवाओं ने 21 किमी और 10 किमी की दौड़ में भाग लिया, जबकि लगभग 61 हजार युवक-युवतियां 5 किमी की दौड़ में शामिल हुए — जो अपने आप में एक ऐतिहासिक संख्या है।
हरियाणा की धरती का भी रहा गौरवशाली योगदान
मनोहर लाल ने अपने संबोधन में कहा कि दिल्ली के गुरुद्वारा शीश गंज वह पवित्र स्थान है जहां गुरु तेग बहादुर जी ने अपने शीश का बलिदान दिया। उन्होंने हरियाणा के सोनीपत जिले के बड़खालसा गांव के एक नौजवान का उल्लेख करते हुए कहा,जब गुरु जी का शीश आनंदपुर साहिब ले जाया जा रहा था, तब बड़खालसा के वीर नौजवान ने उसे मुगलों से बचाने के लिए अपना शीश अर्पित कर दिया। यह हरियाणा की धरती के बलिदान की मिसाल है।
पुष्पवर्षा और ‘हिंद की चादर तेग बहादुर’ गीत का लोकार्पण
मैराथन की शुरुआत से पहले ‘हिंद की चादर, तेग बहादुर’ गीत का लोकार्पण किया गया। कार्यक्रम स्थल पर कीर्तन और शब्द गायन से वातावरण भक्तिमय हो उठा।
मैराथन शुरू होते ही युवाओं ने ‘बोले सो निहाल’, ‘भारत माता की जय’ के नारे लगाए और देशभक्ति का अद्भुत माहौल बना।
कार्यक्रम में युवाओं ने गटके के शानदार प्रदर्शन से सबका मन मोह लिया। हजारों प्रतिभागी सुबह 5 बजे से ही एनडीआरआई चौक पर पहुंच गए थे।



